जबलपुर। नगर निगम अब अपने विकास कार्यों को गति देने और वित्तीय स्थिति को सुदृढ़ करने के लिए ’मिशन मोड’ में नजर आ रहा है।
निगमायुक्त रामप्रकाश अहिरवार द्वारा शहर के सर्वांगीण विकास हेतु राजस्व वसूली के लक्ष्यों को समय सीमा में पूरा करने के लिए नगर निगम के पूरे अमले को मैदान में उतार दिया गया है।
निगमायुक्त ने केवल राजस्व विभाग ही नहीं, बल्कि बाजार, जल, भवन, स्वास्थ्य और प्रकाश विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को भी संभागीय स्तर पर वसूली कार्य से जोड़ा है। इस संयुक्त प्रयास का उद्देश्य शहर के हर क्षेत्र में सुव्यवस्थित तरीके से कर संग्रहण करना और लंबित प्रकरणों का त्वरित निराकरण करना है।
कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए निगमायुक्त ने ’पुरस्कार और प्रोत्साहन’ की सकारात्मक रणनीति अपनाई है। समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने कहा की अगले 8 दिनों के भीतर 80 प्रतिशत वसूली का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
लक्ष्य से अधिक वसूली करने वाले शीर्ष 5 अधिकारियों और कर्मचारियों को उपहार स्वरूप ’टैबलेट’ प्रदान किए जाएंगे। निगम प्रशासन का यह कदम न केवल कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाएगा, बल्कि कार्यप्रणाली में तकनीक के उपयोग को भी बढ़ावा देगा।
निगमायुक्त ने 14 मार्च को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर विशेष दिशा-निर्देश दिए हैं। इस दिन का मुख्य उद्देश्य नागरिकों पर से करों के बोझ को कम करना और उन्हें नियमानुसार छूट व राहत प्रदान करना है।
प्रत्येक कर संग्राहक को 100-100 करदाताओं को लोक अदालत से जोड़ने का लक्ष्य दिया गया है। इससे आम जनता को अपने पुराने बकाया मामलों को आसानी से सुलझाने का अवसर मिलेगा।
जहाँ एक ओर बेहतर कार्य करने वालों को पुरस्कृत करने की योजना है, वहीं दूसरी ओर कार्यों के प्रति गंभीरता सुनिश्चित करने के लिए 14 मार्च के बाद लक्ष्य प्राप्ति न करने वाले अमले पर अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए हैं।
बैठक में अपर आयुक्त अरविन्द शाह, देवेन्द्र सिंह चौहान, व्ही.एन. बाजपेयी, श्रीमती अंजू सिंह, मनोज श्रीवास्तव, उपायुक्त संभव अयाची, अधीक्षण यंत्री कमलेश श्रीवास्तव, सहायक आयुक्त आनंद मिश्रा, अंकिता बर्मन के साथ सभी राजस्व अमला और अन्य विभागों के अधिकारी कर्मचारी उपस्थित रहे।











