कोरोना से भी भयंकर नया वायरस- वीरेन्द्र तोमर

#(निवेदन है कि इसे पुरा जरूर पढें ताकि देश के युवा वर्ग को इस सदी के सबसे भयंकर त्रादसी से बचाया जा सके)

सम्पूर्ण जगत का अवलोकन करने के बाद यह पता चल पाया है कि आनलाइन गेम हमारे युवा वर्ग को उनके पठन-पाठन से विचलित कर, उन्हे अंधकार की तरफ झोंके दे रहे हैं। पिछले 2 वर्ष में दुनिया के कई देशों में (माल्टा, तुर्की, मिश्र, कीनिया, नाईजीरिया, यूथोपिया, साउदी, दूबई व कुवैत आदि ) मैने स्वयमं घुम कर देखा है कि बच्चे के हाथ में किताब कलम की जगह पर मोबाइल पे गेम खेलते देखा है।
गेम की दीवानगी के आगे भूख, प्यास, नाते, रिस्ते तथा पढायी लिखायी गायब हो चुकी है।
खेले जा रहे ज्यादातर आनलाइन गेम दक्षिंण कोरिया व चाइना के द्वारा निर्मित हैं। आज भारत में गांव से लेकर शहर तक लगभग 40 लाख से भी ज्यादा बच्चे दिन रात खेल रहे हैं। आनलाइन गेम बनाने वाली कंपनिया लगभग 12 से 15 करोड रूपया प्रतिमाह पैसा भी देश से बाहर ले जा रही हैं। इनमे हमारे बॉलीवुड स्टार PUBG, PUBG LITE ब्रांड का प्रचार कर रहे हैं। भारत में FREE FIRE, PUBG , CALL OF DUTY, APPEX LEGENDS, MOBILE LEGENDS, PUBG LITE जैसे प्रमुख आनलाइन गेम खूब खेले जा रहे हैं।
इन आनलाइन गेम की विवेचना करने से जो तथ्य निकल कर सामने आये हैं उनसे प्रतीत होता है कि PUBG CORPORATION के Director, Game Designer (Mr.Brendan Greene) ने आनलाइन 5 प्रकार के गेम 2 तरीके से PUBG, PUBG Lite को भारत में 8 फरवरी 2018 को AppAnnie की मदद से स्थापित करने में सफलता पा ली। PUBG Lite को 2GB से कम रेम वाले छोटे मोबाइल में हिन्दी भाषा में डाऊनलोड किया जा सकता जो कि भारत के ग्रामीण व छोटे छोटे कस्वों में कम पढे लोग व छोटे छोटे बच्चों को ध्यान में रखकर बनाया गया है। PUBG को 25 वर्ष से कम उम्र के युवाँ वर्ग को ध्यान में रख कर बनाया गया है! इस गेम को 3 श्रेणी में वर्गीक्रत किया गया है: TIRE-1 – METRO CITIES , TIRE-2 को छोटे शहरो को तथा TIRE-3 को गाँवो व कसबों को भोगोलिक व शिक्षा के अनुपात व उम्र के हिसाब से स्थापित किया गया है!
PUBG, PUBG Lite के अन्तर्गत 1:BLUE HOLE, 2: BATTLE ROYALE (FILM), 3: TOM SALTA, 4: VIDEO GANE PRODUCER व 5: CREATIVE DIRECTOR के रुप में आनलाइन गेम को समायोजित किया गया है। आज 12 वर्ष से लेकर 30 वर्ष की उम्र के बच्चे व युवा इन गेम को खेलने के आगे सब दुनिया दारी भूला चुके हैं। विगत सवा दो साल की अवधि में देश के लगभग 40 से 50 लाख बच्चों को ये आनलाइन गेम अपने आगोश में समेट चुके हैं। पर हम और हमारी सरकार का ध्यान इस तरफ नहीं गया। ये आनलाइन गेम बिष से भी ज्यादा भयंकर हैं तथा कोरोना वायरस से भी ज्यादा आने बाले समय में खतरनाक साबित होंगे इन आनलाइन गेम में सौ सौ बच्चे एक साथ अपने अपने घरों से बैठे गेम खेल रहे होते हैं पर माँ और बाप समझते हैं कि बच्चा पढ़ रहा होगा पर बच्चा तो दूसरी दुनिया में ही विचरण कर रहा होता है।
ध्यान देने बाली बात है कि चाइना में 19% , अमेरिका में 24%, ज़र्मन में 6% तथा रूस में 6% फैल चुका है पर 8 मई 2019 को इस PUBG को नकार दिया और बिना पैसा दिये भगा दिया।
PUBG अब भारत में आनलाइन गेम से पैसा कमाने की होड़ में युवा वर्ग को बरगला कर completion करवाने का ज़िम्मा चाइनीज मोबाइल कंपनियों को दे रखा है। इसमें 2,50,000 से ज्यादा युवा पंजीकृत हो चुके हैं व 1000 के लगभग एक प्रतियोगिता में 50 लाख इनाम जीतने के लालच में खेल रहे हैं। इन आनलाइन गेम के प्रमोशन में देश के जाने-माने क्रिकेट खिलाडी एवं प्रसिद्ध फिल्मस्टार खूब प्रचार करते टेलीवीजन पर दिखायी दे रहे हैं। क्या ऐसे ही हम नये भारत का निर्माण करने जा रहे हैं।
अब समय आ गया है भारत की जनता को जागाने का और नहीं जागे तो समझ लो कि आने वाले 10 वर्ष के भीतर इस युवा वर्ग का क्या हाल होने वाला है। हमारी युवा रूपी पौधे को धीमा जहर आनलाइन गेम के रुप में दिया जा रहा है। हम कोरोना से तो निजात पा लेँगे, पर इससे भी भयंकर युवा वर्ग की बेकारी रूपी विषाणु से कौन बचायेगा।

-वीरेन्द्र तोमर