Thursday, April 30, 2026
Homeआस्थाजबलपुर के गणेश मंदिर: बादशाह हलवाई मंदिर के 16 भुजा वीर गणेश

जबलपुर के गणेश मंदिर: बादशाह हलवाई मंदिर के 16 भुजा वीर गणेश

पुण्य सलिला माँ नर्मदा के तट से कुछ दूर ग्वारीघाट रोड़ पर एक लघु पहाड़ी पर बादशाह हलवाई मंदिर है, जहां भगवान श्रीगणेश की 16 भुजाओं वाली 1,000 साल पुरानी प्रतिमा स्थापित है।

जबलपुर में स्थित बादशाह हलवाई मंदिर 17वीं शती ई. का है, जो पंचानन महादेव बादशाह हलवाई मंदिर के नाम से जाना जाता है। जिसके गर्भ गृह में संगमरमर की दस भुजाओं वाली पंचानन शिव-उमा की प्रतिमा स्थापित है। मुख्य प्रतिमा के अलावा गर्भ गृह में भगवन श्रीगणेश, शेषनाग, सूर्य, गरुड़ासीन लक्ष्मीनारायण, भैरव, नर्मदा, दुर्गा, अन्नपूर्णा, कीर्ति मुख आदि प्रतिमा स्थापित है।

 

पंडित धर्मेंद्र दुबे ने बताया कि यहां स्थापित भगवान वीर गणेश की मूर्ति अद्भुत है। यह मूर्ति लगभग 5 फीट ऊंची है। इसे जबलपुर में पाए जाने वाले काले पत्थर से बनाया गया है। हालांकि इस पर पेंट कर नया रूप दिया गया है। मान्यता के अनुसार गणपति का रूप सौम्य माना जाता है, लेकिन यहां स्थापित 16 भुजाओं वाली भगवान श्रीगणेश की प्रतिमा में उनके हाथ में फरसा, भाला, सांप, गदा है, वहीं कुछ हाथों में कमल और लड्डू भी है, तो कुछ हाथों से भगवान श्रीगणेश आशीर्वाद देते हुए भी नजर आ रहे हैं। भगवान श्रीगणेश की इस प्रतिमा में भगवान के रौद्र और सौम्य दोनों रूप के दर्शन होते हैं।

मंदिर के पुजारी पंडित धर्मेंद्र दुबे का कहना है कि उन्होंने कई मूर्तियां देखी हैं, लेकिन बादशाह हलवाई गणेश मंदिर में स्थापित ऐसी अद्भुत मूर्ति उन्हें और कहीं देखने को नहीं मिली। इस मंदिर में स्थापित प्रतिमा वीर गणेश के नाम विख्यात है और यहां श्रद्धालु अपनी मनोकामना लेकर यहां आते हैं और भगवान वीर गणेश के समक्ष अपनी अर्जी लगाते हैं और विघ्नहर्ता गणपति बप्पा की कृपा से उनके मनोरथ पूरे होते हैं।

Related Articles

Latest News