Women’s T20 World Cup : आईसीसी महिला टी20 विश्व कप 2026 में भारतीय महिला क्रिकेट टीम का अभियान निराशाजनक अंत के साथ समाप्त हो गया। लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर खेले गए ग्रुप-ए के अंतिम लीग मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया ने भारत को 6 विकेट से हराकर टूर्नामेंट से बाहर कर दिया।
Women’s T20 World Cup : इस हार के साथ ही भारतीय टीम का सेमीफाइनल में पहुंचने का सपना टूट गया और लगातार दूसरी बार वह महिला टी20 विश्व कप के ग्रुप चरण से आगे नहीं बढ़ सकी। वहीं, इस जीत के दम पर ऑस्ट्रेलिया ने ग्रुप-ए में अपना दबदबा कायम रखते हुए सेमीफाइनल का टिकट पक्का किया, जबकि दक्षिण अफ्रीका भी अंतिम चार में जगह बनाने में सफल रही।
हरमनप्रीत कौर का अर्धशतक, 170 का दिया लक्ष्य
भारतीय पारी की शुरुआत शैफाली वर्मा और स्मृति मंधाना ने धमाकेदार अंदाज में की. दोनों सलामी बल्लेबाजों ने पहले विकेट के लिए 66 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी कर टीम को ठोस आधार प्रदान किया. स्मृति मंधाना ने 37 गेंदों पर 38 रन बनाए, हालांकि वह रनआउट होकर पवेलियन लौटीं. वहीं, शैफाली वर्मा ने भी 26 गेंदों पर बेहतरीन 34 रनों की पारी खेली. इसके बाद, तीसरे विकेट के लिए कप्तान हरमनप्रीत कौर और जेमिमा रोड्रिग्ज की जोड़ी ने मोर्चा संभाला. दोनों ने मिलकर 45 गेंदों पर 64 रनों की तेजतर्रार साझेदारी की, जिससे टीम इंडिया 170 के मजबूत स्कोर तक पहुंच सकी. हरमनप्रीत की 56 रनों की पारी में कई आकर्षक शॉट्स शामिल थे, जिसने दर्शकों का मन मोह लिया.
पेरी की ताबड़तोड़ पारी से ऑस्ट्रेलिया की जीत , श्री चरणी को मिले 2 विकेट
171 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी ऑस्ट्रेलियाई टीम की शुरुआत हालांकि अच्छी नहीं रही. पहले ही ओवर में रेणुका ठाकुर की गेंद पर जॉर्जिया वॉल मात्र 4 रन बनाकर आउट हो गईं. इसके बाद फोएब लिचफील्ड और बेथ मूनी ने पारी को संभाला और दूसरे विकेट के लिए 50 रनों की साझेदारी की. लिचफील्ड ने 25 गेंदों पर 24 रन की धीमी पारी खेली, लेकिन उनके आउट होने के बाद बल्लेबाजी करने आईं एलिस पेरी ने मैच का रुख बदल दिया.
पेरी ने 38 गेंदों पर 56 रनों की ताबड़तोड़ पारी खेलकर ऑस्ट्रेलिया की जीत लगभग सुनिश्चित कर दी. उन्हें एश्ले गार्डनर का भरपूर साथ मिला, जिन्होंने 29 गेंदों पर नाबाद 53 रन बनाए और टीम को 19 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर लक्ष्य तक पहुंचा दिया. भारतीय गेंदबाजों में श्री चरणी ने सबसे ज्यादा दो विकेट हासिल किए, लेकिन वह टीम को जीत दिलाने के लिए पर्याप्त नहीं रहे.










