NCCOEEE (नेशनल कॉर्डिनेशन कमिटी ऑफ इलेक्ट्रिसिटी एम्पलाइज एंड इंजीनियर्स) एवं AIPEF (ऑल इंडिया पावर इंजीनियर फेडरेशन) के आह्वान पर बिजली कर्मी आज शुक्रवार 16 फरवरी 2024 को दोपहर 1:30 बजे से 2 बजे तक बिजली नगर, गोविन्दपुरा गेट पर यूनाइटेड फोरम के नेतृत्व में विरोध प्रदर्शन किया गया।
यूनाइटेड फोरम फॉर पावर एम्पलाइज एवं इंजीनियर मध्य प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष व्हीकेएस परिहार ने कहा कि बिजली कंपनियों में सबसे शोषित वर्ग आउटसोर्स कर्मी हैं, जबकि मध्य प्रदेश की पूरी बिजली व्यवस्था आउटसोर्स कर्मियों के कंधों पर है। उन्होंने कहा कि आज के कर्मचारियों को भी 9 हजार सैलरी और 10 साल पुराने कर्मचारियों को भी 9 हजार सैलरी मिल रही है, जबकि आउटसोर्स कर्मियों की मिनिमम सैलरी 18 हजार होना चाहिए।
इसके अलावा कर्मचारियों के द्वारा बिजली कंपनियों का निजीकरण बंद करने, विद्युत अधिनियम 2022 वापस लेने, चतुर्थ वेतनमान लागू करने, संविदा नियमितीकरण, आवश्यक संशोधन के साथ संविदा नीति 2023 लागू करने, गृह जिला ट्रांसफर नीति बनाने, आउटसोर्स कर्मचारी की वेतन वृद्धि एवं सेवा सुरक्षित करने नीति, OPS लागू करने, O3 स्टार विलोपित करते हुए PB-4 (O3) का वेतनमान लागू करने, कनिष्ठ अभियंताओं को सहायक अभियंता एवं विभागीय कर्मचारियों को कनिष्ठ अभियंता के पद पर नियुक्त करने हेतु आरक्षण नीति बनाना, 2018 एवं इसके बाद भर्ती हुए कनिष्ठ अभियंताओं का ग्रेड पे सुधारने की मांग की जा रही है।











