मध्य प्रदेश में आगामी तीज-त्योहारों, दीपावली और सामाजिक एवं धार्मिक मेलों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने अधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि प्रदेश में कार्बाइड गन और कार्बाइड लैंप के इस्तेमाल पर सख्ती से रोक लगाई जाए, क्योंकि इनके उपयोग से गंभीर दुर्घटनाएं और जनहानि होने का खतरा रहता है। उन्होंने दीपावली के दौरान पटाखों की अवैध बिक्री, प्रतिबंधित पटाखों के कारोबार और विस्फोटक सामग्री के अवैध भंडारण पर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश भी दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि त्योहारों के दौरान किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति उत्पन्न नहीं होनी चाहिए और कानून-व्यवस्था में लापरवाही के लिए संबंधित जिले के कलेक्टर और एसपी जिम्मेदार होंगे।
तीज-त्योहारों पर कानून-व्यवस्था की तैयारी के निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंत्रालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कलेक्टर्स, कमिश्नर्स, एसपी और आईजी के साथ समीक्षा बैठक कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने आगामी महीनों में होने वाले त्योहारों और सामाजिक एवं धार्मिक आयोजनों के लिए पहले से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने को कहा। उन्होंने संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने, सामाजिक और सांप्रदायिक तनाव की आशंका को रोकने तथा सुरक्षा एवं आकस्मिक प्रबंधन से जुड़े विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि त्योहारों के दौरान आम लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
महिलाओं की सुरक्षा पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने दीपावली और अन्य त्योहारों के दौरान भीड़भाड़ वाले सार्वजनिक स्थानों पर असामाजिक तत्वों और संदिग्ध व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रखने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रमुख बाजारों, सार्वजनिक स्थलों और संवेदनशील क्षेत्रों में नियमित एवं प्रभावी पुलिस पेट्रोलिंग सुनिश्चित करने पर जोर दिया। साथ ही, महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देने और किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए आवश्यक प्रतिबंधात्मक एवं सुरक्षा संबंधी कार्रवाई समय रहते करने को कहा।
पटाखों की दुकानों के लाइसेंस और अवैध भंडारण पर सख्ती
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निर्देश दिए कि पटाखों की दुकानों को लाइसेंस जारी करते समय सभी निर्धारित नियमों और शर्तों का कड़ाई से पालन कराया जाए। दुकानों का भौतिक सत्यापन और नियमित निरीक्षण किया जाए तथा विस्फोटक सामग्री के अवैध भंडारण पर रोक लगाई जाए। नियमों का उल्लंघन मिलने पर तत्काल वैधानिक कार्रवाई की जाए। इसके अलावा प्रतिबंधित पटाखों की खरीद-बिक्री, भंडारण और उपयोग पर भी प्रभावी नियंत्रण रखने के निर्देश दिए गए हैं।
कार्बाइड गन और कार्बाइड लैंप का इस्तेमाल क्यों खतरनाक?
मुख्यमंत्री ने कार्बाइड गन और कार्बाइड लैंप से होने वाली संभावित दुर्घटनाओं को देखते हुए इनके इस्तेमाल पर सख्ती से रोक लगाने के निर्देश दिए। कार्बाइड गन में कैल्शियम कार्बाइड पानी के संपर्क में आने पर एसीटिलीन गैस उत्पन्न करता है। यह गैस अत्यधिक ज्वलनशील होती है और चिंगारी मिलने पर विस्फोट कर सकती है। विस्फोट के दौरान प्लास्टिक या धातु के टुकड़े आंखों, चेहरे और त्वचा को गंभीर नुकसान पहुंचा सकते हैं। वहीं, आग लगने और झुलसने का खतरा भी बना रहता है। इन जोखिमों को देखते हुए लोगों को ऐसे उपकरणों के इस्तेमाल से बचना चाहिए।
अस्पताल, एंबुलेंस और अग्निशमन व्यवस्था रहेगी अलर्ट
मुख्यमंत्री ने दीपावली के दौरान संवेदनशील स्थानों पर अग्निशमन वाहन, जरूरी अग्निशमन उपकरण और प्रशिक्षित कर्मचारियों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। प्रमुख स्थानों पर एंबुलेंस की व्यवस्था रखने, नजदीकी अस्पतालों एवं स्वास्थ्य केंद्रों को अलर्ट रखने और चिकित्सकों की ड्यूटी पहले से तय करने पर जोर दिया गया। इसके साथ ही शहरों और कस्बों के प्रमुख मार्गों तथा संवेदनशील इलाकों में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया, ताकि त्योहारों के दौरान सुरक्षा और आपातकालीन प्रबंधन में किसी तरह की कमी न रहे।








