MP: Bhopal समेत मध्य प्रदेश के कई शहरी और ग्रामीण इलाकों में लंबी बिजली कटौती ने लोगों की परेशानी कई गुना बढ़ा दी है। राजधानी के करीब 45 इलाकों में मेंटेनेंस के नाम पर 2 से 7 घंटे तक बिजली बंद रखने का शेड्यूल जारी किया जा रहा है, लेकिन लोगों का कहना है कि कटौती तय समय से कहीं ज्यादा लंबी हो रही है।
भीषण गर्मी के बीच घंटों बिजली गायब रहने से घरों में रहना मुश्किल हो गया है। पंखे, कूलर और एसी बंद होने से सबसे ज्यादा परेशानी बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को हो रही है।
MP: शहर में 7 घंटे का शटडाउन, गांवों में हालात और खराब
राजधानी भोपाल में कई इलाकों में 7 घंटे तक बिजली बंद रहने की शिकायतें सामने आ रही हैं। वहीं ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और भी गंभीर बताई जा रही है, जहां 12 से 14 घंटे तक बिजली नहीं मिल रही।
गांवों में सुबह से शाम तक बिजली गायब रहती है और जब शाम को सप्लाई बहाल होती है, तब लो वोल्टेज की समस्या लोगों की मुश्किलें और बढ़ा देती है। इससे घरेलू कामकाज के साथ खेती-किसानी और छोटे कारोबार भी प्रभावित हो रहे हैं।

MP: जनता का सवाल—सरकारी दफ्तरों में एसी चालू, घरों में अंधेरा क्यों?
स्थानीय लोगों का कहना है कि सरकारी दफ्तरों के खाली कमरों में सुबह से शाम तक कूलर, एसी और पंखे लगातार चलते रहते हैं, लेकिन आम जनता को घंटों बिना बिजली के रहना पड़ता है।
लोगों का गुस्सा इस बात को लेकर भी है कि बिजली जाने का समय तो तय कर दिया जाता है, लेकिन आने का कोई भरोसा नहीं होता। कई बार 2-3 घंटे की कटौती 6-7 घंटे तक खिंच जाती है।
MP: किन इलाकों में सबसे ज्यादा कटौती
बिजली कंपनी द्वारा जारी शेड्यूल के अनुसार जनता नगर, पंचवटी, नबी बाग, कमला नगर और पारस नगर जैसे इलाकों में सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक बिजली बंद रहेगी। यह सबसे लंबी कटौती मानी जा रही है।
शाहजहांनाबाद, नूर महल रोड, अशोका कॉलोनी और आसपास के क्षेत्रों में सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक बिजली सप्लाई बंद रहेगी। वहीं अमृतपुरी, गोपाल नगर, निर्मल नगर, नागार्जुन और अन्य क्षेत्रों में सुबह 9 बजे से दोपहर 2 बजे तक बिजली नहीं रहेगी।

MP: दोपहर तक अंधेरा, शाम तक इंतजार
अंसल ग्रीन, जानकी अपार्टमेंट और वंदना नगर जैसे इलाकों में दोपहर 3 बजे तक बिजली कटौती का शेड्यूल जारी किया गया है। हालांकि स्थानीय लोगों का कहना है कि सप्लाई बहाल होने में अक्सर तय समय से ज्यादा देर लगती है।
इस वजह से रोजमर्रा की जिंदगी पूरी तरह प्रभावित हो रही है। घरों में खाना बनाने से लेकर बच्चों की पढ़ाई और ऑनलाइन काम तक सबकुछ बाधित हो रहा है।
MP: ग्रामीण इलाकों में बिजली व्यवस्था सबसे बदहाल
गांवों में दिनभर बिजली नहीं रहने से हालात और ज्यादा खराब हो गए हैं। किसान सिंचाई नहीं कर पा रहे, छोटे दुकानदारों का काम रुक रहा है और घरेलू जरूरतें पूरी करना भी मुश्किल हो रहा है।
रात में बिजली आने पर भी लो वोल्टेज की समस्या बनी रहती है, जिससे मोटर, पंखे और दूसरे उपकरण ठीक से काम नहीं कर पाते।
MP: शिकायतें लगातार, समाधान अब तक नहीं
लोग लगातार बिजली कंपनियों के कस्टमर केयर सेंटर में शिकायत दर्ज करा रहे हैं, लेकिन राहत नहीं मिल रही। मेंटेनेंस के नाम पर लंबे शटडाउन से जनता में नाराजगी बढ़ती जा रही है।
लोगों का कहना है कि अगर पहले से कटौती का सही समय और अवधि स्पष्ट हो, तो वे अपनी दिनचर्या उसी हिसाब से संभाल सकते हैं।
MP: गर्मी में सबसे ज्यादा परेशान बुजुर्ग और बच्चे
दिन के समय पंखे और कूलर बंद रहने से बुजुर्गों और बच्चों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। कई घरों में पानी की सप्लाई भी प्रभावित हो रही है क्योंकि मोटर नहीं चल पाती। तेज गर्मी और उमस के बीच बिना बिजली के रहना लोगों के लिए किसी सजा से कम नहीं लग रहा।

MP: जनता चाहती है स्थायी समाधान
लोगों की मांग है कि सिर्फ अस्थायी मरम्मत नहीं, बल्कि बिजली व्यवस्था को स्थायी रूप से मजबूत किया जाए ताकि हर साल गर्मियों में यही समस्या दोबारा न हो। सरकार और बिजली विभाग से उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही इस समस्या का ठोस समाधान निकाला जाएगा।
MP: बिजली कटौती ने बढ़ाई परेशानी, राहत का इंतजार
Bhopal में लगातार हो रही लंबी बिजली कटौती ने साफ कर दिया है कि गर्मियों में बिजली व्यवस्था अभी भी बड़ी चुनौती बनी हुई है। जब तक सप्लाई व्यवस्था मजबूत नहीं होगी, तब तक जनता को इसी तरह गर्मी, अंधेरे और परेशानी के बीच दिन बिताने पड़ेंगे।











