जबलपुर। एमपी के जबलपुर स्थित सिहोरा क्षेत्र में रहने वाली 20 वर्षीय युवती आसनी गौंड़ क ा सफल आपरेशन कर डाक्टरों ने 22 किलो का ट्यूमर निकाला है। युवती पेट दर्द व सूजन से परेशान थी।
दर्द के साथ उसके पेट का आकार दिनों दिन बढ़ता ही जा रहा था। इसके बाद तिलवारा स्थित निजी हास्पिटल में डाक्टरों ने भरती कर आपरेशन किया है।
सिहोरा क्षेत्र में रहने वाली युवती आसनी गौड़ उम्र 20 वर्ष 6 माह से पेट दर्द व लगातार हो रही वृद्धि से परेशान थी, उसका स्वास्थ्य भी बिगड़ता जा रहा था।
परिजनों ने स्थानीय डाक्टरों से दवा ली, फिर कुण्डम के शासकीय अस्पताल में इलाज कराया। इसके बाद भी कोई आराम नहीं मिला। एक सप्ताह पहले परिजनों ने उसे तिलवारा क्षेत्र स्थित निजी अस्पताल में डाक्टरों ने दिखाया।
अस्पताल में डॉक्टरों ने सीटी स्कैन के जरिए जांच की तो पता चला कि युवती के पेट में 22 किलो का ट्यूमर है। यह लगातार बढ़ रहा है। परिवार की अनुमति के बाद डाक्टर अर्जुन सक्सेना ने एनेस्थीसिया टीम के साथ मिलकर ऑपरेशन शुरू किया। पेट में बड़ा चीरा लगाकर ट्यूमर निकाला गया।
ऑपरेशन के दौरान ट्यूमर में आंत की झिल्ली और अन्य महत्वपूर्ण नसें भी चिपकी हुई थीं। ट्यूमर इतना भारी था कि उसे निकालने के लिए दो अन्य डॉक्टरों की मदद जरूरी थी। प्री-ऑपरेटिव इमेजिंग से पता चला कि ट्यूमर बायां डायफ्राम पार कर पूरे ऊपरी पेट में फैल गया था।
यह प्रमुख रक्त वाहिकाओं और अंगों को दबा रहा था, किडनी को नीचे खींचकर उसकी स्थिति बदल दी थी। ऑपरेशन के दौरान डाक्टरों ने स्प्लीन, किडनी, पेट, डुओडेनम, पैंक्रियास, आंत और कोलन को उनके सामान्य स्थान पर सुरक्षित रूप से पुन: स्थापित किया। ऑपरेशन तीन से चार घंटे चला और पूरी तरह सफल रहा।
डॉ सक्सेना ने बताया कि इतने कम उम्र में इतना बड़ा ट्यूमर होना बेहद दुर्लभ है। ऑपरेशन के बाद युवती को आईसीयू में रखा गया और अब वह तेजी से रिकवर कर रही है। इलाज आयुष्मान भारत योजना के तहत किया गया।











