कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और सांसद शशि थरूर ने एक बार फिर पार्टी की आधिकारिक लाइन से अलग रुख अपनाते हुए ‘भारत एआई इंपैक्ट समिट 2026’ की खुलकर तारीफ की है। जहां पार्टी के शीर्ष नेता इस आयोजन की आलोचना कर रहे हैं, वहीं थरूर ने इसे वैश्विक स्तर पर सफल करार देते हुए छोटी-मोटी खामियों को “माइनर लैप्स” और “स्मॉल एरर्स” बताया।
यह बयान ऐसे समय आया है जब हाल ही में थरूर ने राहुल गांधी से मुलाकात कर अपनी स्थिति स्पष्ट की थी। इसके बावजूद उनके ताजा बयान को कांग्रेस नेतृत्व से दूरी के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
बड़े आयोजन में छोटी गड़बड़ियां सामान्य: थरूर
शुक्रवार को समिट में अपने संबोधन से पहले थरूर ने कहा कि इतने बड़े कार्यक्रमों में कुछ कमियां होना असामान्य नहीं है और इन्हें बढ़ा-चढ़ाकर पेश नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने आयोजन की व्यापक जन-भागीदारी और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उसकी पहुंच को इसकी सबसे बड़ी ताकत बताया।
उन्होंने कहा कि भारत ने एआई पर वैश्विक विमर्श को दिशा देने में महत्वपूर्ण नेतृत्व दिखाया है और ध्यान समिट की कूटनीतिक तथा तकनीकी अहमियत पर होना चाहिए।
119 देशों की भागीदारी
राष्ट्रीय राजधानी स्थित भारत मंडपम में आयोजित इस समिट में 119 देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इनमें 20 देशों के राष्ट्राध्यक्ष और 45 मंत्री शामिल रहे।
इमैनुएल मैक्रों ने भारत की 1.4 अरब आबादी को डिजिटल नेटवर्क से जोड़ने के प्रयासों की सराहना की। वहीं नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में ग्लोबल साउथ के लिए एआई की समान पहुंच पर जोर दिया।
प्रधानमंत्री ने एआई के विस्तार के साथ नियामक संतुलन बनाए रखने, महिलाओं और बच्चों के लिए कानूनी सुरक्षा, राष्ट्रीय डेटा स्वामित्व और एआई-जनित कंटेंट के लिए अनिवार्य खुलासे की आवश्यकता पर बल दिया।
कांग्रेस में मतभेद
हालांकि कांग्रेस के भीतर इस समिट को लेकर एकराय नहीं है। लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने आयोजन को “डिसऑर्गनाइज्ड पीआर स्पेक्टेकल” बताते हुए आरोप लगाया कि ‘मेक इन इंडिया’ बैनर के तहत चीनी रोबोट प्रदर्शित किया गया।
मल्लिकार्जुन खरगे और अन्य कांग्रेस नेताओं ने भी आयोजन की कमियों पर सवाल उठाए और इसे देश के लिए शर्मिंदगी बताया।
गलगोटिया यूनिवर्सिटी के स्टॉल पर प्रदर्शित ‘चीनी रोबोट डॉग’ का मुद्दा विवाद का केंद्र बना रहा। इसके बावजूद थरूर ने अंतरराष्ट्रीय भागीदारी और भारत की एआई कूटनीति को बड़ी उपलब्धि बताते हुए समिट के पहले दो दिनों के प्रदर्शन को शानदार बताया। थरूर का यह बयान पार्टी के भीतर विचारों के मतभेद को एक बार फिर उजागर करता है।











