बिहार सरकार ने एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए सरकारी सेवकों की सेवाकाल में असामयिक मृत्यु की स्थिति में उनके आश्रितों को अनुकम्पा नियुक्ति देने की पूरी प्रक्रिया को अब ऑनलाइन कर दिया है। इस के लिए ‘अनुकम्पा नियुक्ति और निगरानी प्रणाली’ नामक नया ऑनलाइन पोर्टल https://anukampa-niyukti.bihar.gov.in बनाया है, जिसे आज 26 सितम्बर को Go Live किया गया।
इस पोर्टल के माध्यम से मृतक सरकारी सेवक के योग्य आश्रित सीधे ऑनलाइन आवेदन कर सकेंगे। आवेदन के प्रत्येक चरण की निगरानी पोर्टल पर ही की जाएगी, जिससे पूरी प्रक्रिया पारदर्शी और समयबद्ध होगी। अब तक भौतिक रूप से दिए गए आवेदनों पर कार्रवाई पूर्ववत जारी रहेगी, परन्तु 26 सितम्बर 2025 के बाद केवल ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से प्राप्त आवेदनों पर विचार किया जाएगा।
सामान्य प्रशासन विभाग ने बताया कि सरकार का मूल उद्देश्य मृतक सेवक के आश्रित परिवार को समय पर राहत पहुंचाना है। पहले की प्रक्रिया में आने वाली अनावश्यक देरी और अस्पष्टता को देखते हुए यह ऑनलाइन प्रणाली विकसित की गई है। इससे न केवल पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित होगी, बल्कि आवेदनों का निष्पादन भी समय सीमा के भीतर किया जा सकेगा।
अनुकम्पा नियुक्ति और निगरानी प्रणाली सरकार में एक प्रमुख योजना है, जिसका उद्देश्य सरकारी सेवक की मृत्यु के पश्चात उनके परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान करना है। यह प्रणाली न केवल मृतक सरकारी कर्मचारी के परिवार के प्रति सहानुभूति प्रकट करती है, बल्कि समाज में समानता और न्याय की भावना को भी प्रोत्साहित करती है।
इस प्रणाली में, मृत्यु होने पर परिवार के उम्मीदवारों की योग्यता की समीक्षा की जाती है और उन्हें संबंधित नौकरी में नियुक्ति की जाती है। यह प्रक्रिया स्थापित मानकों और नियमों के अनुसार की जाती है, ताकि यह न्यायपूर्ण और पारदर्शी रहे।
सरकारी नौकरी की प्राप्ति के बाद, नौकरी धारक का समूह नियमित अंतराल से मॉनिटर किया जाता है, ताकि सुनिश्चित हो सके कि वह अपने कार्यों को ईमानदारी से निभा रहे हैं। यह प्रणाली सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता और पारदर्शिता को बढ़ावा देती है, साथ ही मानवीय सहानुभूति को भी प्रमोट करती है।
पोर्टल के उपयोग को सुगम बनाने के लिए सभी विभागों और जिलों में नोडल पदाधिकारी नियुक्त किए गए हैं। इनके लिए User Manual और Process Flow Chart उपलब्ध कराया गया है। साथ ही 7 अक्टूबर को पूर्वाह्न 10 बजे से सभी नोडल पदाधिकारियों के लिए एक ऑनलाइन प्रशिक्षण कार्यशाला आयोजित की जाएगी।











