जबलपुर। एमपी के जबलपुर में सीबीआई ने सेंट्रल GST के असिस्टेंट कमिश्नर विवेक वर्मा व इंस्पेक्टर सचिन कांत खरे को आज CBI कोर्ट में पेश किया। इस दौरान सीबीआई के वकील ने पूछताछ के लिए रिमांड की मांग की।
बताया गया है कि बीती रात CBI की टीम ने ग्वारीघाट स्थित केंद्रीय GST कार्यालय में होटल कारोबारी विवेक त्रिपाठी की शिकायत पर छापामार कार्रवाई की थी।
इस दौरान सुपरिटेंडेंट मुकेश बर्मन मौके से फरार हो गए। जबकि विवेक वर्मा और सचिन कांत खरे को CBI ने चार लाख रुपए की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया था। पूछताछ के दौरान CBI को पता चला कि इस पूरे रिश्वतखोरी मामले के सूत्रधार विवेक वर्मा ही थे। हालांकि उन्हें इस बात की भनक लग चुकी थी कि CBI की टीम पहुंच रही है। जिसके चलते वे कार्यालय से फरार हो गए।
आज जब CBI ने विवेक वर्मा और सचिन कांत खरे को कोर्ट में पेश किया तो दिव्यांग होने के कारण विवेक वर्मा को व्हीलचेयर देने की पेशकश की गई लेकिन उन्होंने लेने से मना कर दिया। इसके बाद विवेक वर्मा बैसाखी के सहारे ही वाहन से कोर्ट तक पहुंचे।











