MP Weather Update: मध्य प्रदेश इस समय भीषण गर्मी और लू की चपेट में है, जहां लगातार बढ़ते तापमान ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। मौसम विभाग के ताजा आंकड़ों के मुताबिक आने वाले दिनों में गर्मी का असर और तेज होने की संभावना है। प्रदेश के कई जिलों में लू का प्रभाव साफ तौर पर देखा जा रहा है और दोपहर के समय हालात बेहद चुनौतीपूर्ण बने हुए हैं। खासतौर पर धार और रतलाम जैसे जिलों में गर्मी ने रिकॉर्ड तोड़ना शुरू कर दिया है, जहां तापमान 45 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है।
तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है तथा लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले कुछ दिनों तक मौसम शुष्क बना रहेगा और तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक की और बढ़ोतरी हो सकती है। लगातार बढ़ती गर्मी के चलते अस्पतालों में हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन के मामलों में भी इजाफा देखा जा रहा है।

प्रशासन ने लोगों को दोपहर के समय बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त पानी पीने और सावधानी बरतने की सलाह दी है। वहीं किसानों और मजदूरों के लिए भी यह मौसम बड़ी चुनौती बनता जा रहा है, क्योंकि तेज गर्मी के बीच काम करना मुश्किल हो रहा है।
MP Weather Update:What will the weather be like on May 14?
MP Weather Update: Temperature of major cities and districts

बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन भी तपिश से बेहाल रही और यहां पारा 43.0 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
राजधानी भोपाल में – अधिकतम तापमान 41.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि मौसम विभाग ने 14 मई तक इसके 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना जताई है।
दूसरी ओर प्रदेश के हिल स्टेशन पचमढ़ी में न्यूनतम तापमान 19.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा, लेकिन दिन के समय वहां भी गर्मी का असर साफ दिखाई दिया और अधिकतम तापमान 35.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। लगातार बढ़ती गर्मी और लू के कारण लोगों का जनजीवन प्रभावित हो रहा है तथा दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा पसरा नजर आ रहा है।

MP Weather Update: Heat wave warnings and preventive measures
मौसम विभाग ने अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम और उज्जैन जैसे जिलों में कहीं-कहीं लू (Heat Wave) चलने की संभावना जताई है. आम जनता को सलाह दी गई है कि वे दोपहर 12 से 3 बजे के बीच घर से बाहर निकलने से बचें. पर्याप्त पानी पीना, हल्के रंग के सूती कपड़े पहनना और ओआरएस या नींबू पानी जैसे पेय पदार्थों का सेवन करना इस मौसम में बेहद जरूरी है.
किसानों को भी सलाह दी गई है कि वे अपनी फसलों और पशुओं को गर्मी के तनाव से बचाने के लिए सुबह या शाम के समय सिंचाई करें और जानवरों को छायादार स्थानों पर रखें.











