जबलपुर। एमपी के जबलपुर स्थित पनागर में हुई महिला की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा कर दियाह ै। यहां पर दो बदमाशों ने महिला के साथ पहले पार्टी की, फिर गैंगरेप किया। पीडि़ता ने जब विरोध किया तो गला दबाकर हत्या कर दी। 12 जनवरी को हुए मर्डर का पुलिस ने खुलासा करते हुए दोनों हत्यारों को गिरफ्तार कर लिया है। एक आरोपी ने पुलिस की गिरफ्त से बचने के लिए जहरीला पदार्थ का सेवन कर लिया। जिसे इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती करवाया गया है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि 12 जनवरी को खबर मिली थी कि ग्राम मुडिय़ा नहर के पास एक महिला का शव पड़ा हुआ है। घटनास्थल पर पुलिस के पहुंचने पर जानकारी लगी कि महिला के बैग को जलाया गया है। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज करते हुए शव को पीएम के लिए मेडिकल कॉलेज भेजकर जांच शुरू तो पता चला कि 30 वर्षीय महिला कुंडम की रहने वाली है जो पत्नी और बच्चों के साथ पनागर के फार्म हाउस में रहकर काम किया करती थी।
10 जनवरी की शाम करीब 4 बजे पनागर बजार अकेली गई थी। रात 8 बजे तक वापस नहीं आई तो महिला के पति ने गांव में रहने वाले सास, ससुर को जानकारी दी। परिजनों ने आसपास और रिश्तेदारी में पता किया लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। 12 जनवरी को सुबह पुलिस को खबर मिली कि महिला की लाश मुडिय़ा नहर के पास पड़ी है। जिसकी शिनाख्त लापता महिला के रूप में हुई।
30 वर्षीय महिला जो अर्धनग्न हालत में थी और उसका शव मुडिय़ा नहर के अंदर पड़ा हुआ था। पीएम रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि मौत से पहले महिला ने शराब पी थी गले की हड्डी टूटने के कारण उसकी मौत हुई है। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले तो पता चला कि अंतिम बार महिला मुकेश सिंह के साथ देखी गई थी। पुलिस ने मुकेश को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने बताया कि मोनू जो महिला का साथी था। उसके कहने पर वह उसे पंप हाउस स्थित अपने कमरे पर ले गया था। जहां तीनों ने शराब और चिकन पार्टी की।
इसके बाद मोनू ने महिला के साथ रेप किया। बाद में जब मुकेश ने भी रेप करने की कोशिश की तो महिला शोर मचाने लगी। इस पर उसने जबरदस्ती महिला के साथ रेप किया। महिला ने कहा कि वह घर जाकर परिवार वालों को दोनों के नाम बता देगी। इतना सुनते ही मुकेश और मोनू ने गला दबाकर उसकी हत्या कर दी और घर से करीब 200 मीटर दूर नहर में शव फेंक दिया। पुलिस के डर से दोनों ने मिलकर महिला का बैगए साड़ी और चप्पल जला दिए।
पुलिस गिरफ्त में आने के डर से पी ली कीटनाशक दवा-
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मुकेश को गिरफ्तार करने के बाद पुलिस दूसरे आरोपी मोनू उर्फ महेश मार्को की तलाश में जुट गई। 12 फरवरी की रात पनागर थाना पुलिस ने उसे पकड़कर थाने लाया, जहां उसकी तबीयत बिगड़ गई। पुलिस तुरंत उसे पनागर स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंची।
वहां उसने बताया कि पुलिस को घर की ओर आते देख पकड़े जाने के डर से उसने घर में रखी खेत में चारा नष्ट करने वाली कीटनाशक दवा पी ली थी। आरोपी मोनू उर्फ महेश मार्को को इलाज के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों ने उसकी हालत सामान्य बताई है, लेकिन बेहतर स्वास्थ्य के लिए उसे भरती कराया गया है।











