देश के 13 राज्यों में मौसम का मिजाज बिगड़ सकता है। मौसम विभाग ने कई इलाकों में तेज बारिश के साथ आंधी-तूफान का अलर्ट जारी किया है। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। ऐसे में बारिश के साथ चलने वाली तेज हवाएं लोगों की परेशानी बढ़ा सकती हैं।
मौसम का सबसे ज्यादा असर पूर्वी भारत के कुछ हिस्सों में देखने को मिल सकता है। पश्चिम बंगाल और ओडिशा में आज कुछ इलाकों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। वहीं, अगले तीन दिनों तक पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रह सकता है। ऐसे में लोगों को मौसम विभाग के ताजा अपडेट पर नजर रखने और खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी जाती है।
Up-Bihar और दिल्ली में मौसम का मिजाज
उत्तर प्रदेश में आज मौसम का मिजाज बिगड़ सकता है। गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, मेरठ, आगरा, वाराणसी, प्रयागराज, अयोध्या, गोरखपुर, मिर्जापुर और सोनभद्र समेत कई जिलों में तेज बारिश के साथ आंधी की चेतावनी जारी की गई है। कुछ इलाकों में तेज हवाओं की रफ्तार 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है। ऐसे में लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की जरूरत है।
वहीं, बिहार में भी मौसम का उतार-चढ़ाव जारी रहेगा। पटना, गया, बक्सर, सारण, सिवान, दरभंगा, मधुबनी, पूर्णिया, किशनगंज और भागलपुर समेत कई जिलों में बारिश के साथ तेज हवाएं चलने का येलो अलर्ट जारी किया गया है। दूसरी ओर, दिल्ली-NCR में भी आज बादल छाने के साथ बारिश और तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है, जिससे लोगों को बाहर निकलते समय सावधानी बरतने की जरूरत है।
दिल्ली-NCR में भी बरसेंगे बादल
आज बारिश के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। इससे तापमान में भी गिरावट देखने को मिल सकती है। दिल्ली-NCR के लोगों को आंधी के दौरान खुले स्थानों और कमजोर ढांचों से दूर रहने की सलाह दी गई है।
पहाड़ों पर भी मंडराया खतरा
उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में भी मौसम बिगड़ने के आसार हैं। कई जिलों में तेज बारिश और हवाओं का अलर्ट है। पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार बारिश के कारण लैंडस्लाइड और रास्ते बाधित होने का खतरा बना हुआ है।
इन राज्यों में भी भारी बारिश-आंधी का अलर्ट
राजस्थान, पंजाब, झारखंड और मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में भी बारिश और आंधी की चेतावनी जारी है। तेज हवाओं के चलते पेड़ और बिजली के खंभे गिरने का खतरा रह सकता है। भारी बारिश की वजह से निचले इलाकों में जलभराव और नदियों का जलस्तर बढ़ने की आशंका भी है।








