Thursday, April 30, 2026
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राजस्व मंत्री की चेतावनी: राजस्व महाअभियान की नियमित करें समीक्षा, लापरवाह अधिकारी होंगे दंडित

राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने लापरवाह राजस्व अधिकारी को चेतावनी देते हुए कहा है कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण में और राजस्व सेवाओं को प्रदाय करने में उदासीनता और लापरवाही बरतने वालों के विरूद्ध दण्डात्मक कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने कहा कि वे स्वयं संभाग, जिला और तहसील क्षेत्र में भ्रमण कर राजस्व महाअभियान-2.0 की कार्रवाई की समीक्षा करेंगे। उनके भ्रमण के दौरान मिलने वाली शिकायतों और लंबित प्रकरणों के पाये जाने पर संबंधित राजस्व अधिकारी के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की जायेगी। राजस्व मंत्री करण वर्मा मंगलवार को मंत्रालय में राजस्व महाअभियान-2.0 की समीक्षा कर रहे थे।

राजस्व मंत्रीकरण वर्मा ने कहा कि नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन के प्रकरणों का निराकरण के लिये समय-सीमा निर्धारित है। समय-सीमा के पार प्रकरणों लंबित रहना दर्शाता है कि संबंधित राजस्व अधिकारी प्रकरणों के निराकरण में रूचि नहीं ले रहे हैं। इससे किसान और आम नागरिक परेशान होते हैं। ऐसी स्थिति कतई उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग की सेवाओं को आमजन तक पहुंचाने और विभाग के लंबित राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिये राजस्व महाअभियान-2.0 संचालित किया जा रहा है। महाअभियान की गतिविधियों की रोजाना समीक्षा की जाये। उन्होंने कहा कि समीक्षा में यह भी देखा जाये कि जिलेवार और राजस्व अधिकारी वार लंबित राजस्व प्रकरणों के निराकरण की स्थिति क्या है।

बैठक में बताया गया कि नामांतरण के लंबित एक लाख 2 हजार 811 प्रकरणों में से 48 हजार 346, बंटवारा के लंबित 13 हजार 57 प्रकरणों में से 5636 और अभिलेख दुरूस्ती के लंबित 10 हजार 699 प्रकरणों में से 1732 प्रकरण निराकृत किये गये हैा। इसके साथ ही एक लाख 63 हजार 230 नक्शा तरमीम दर्ज किये गये। राजस्व महाअभियान-2.0 का संचालन 31 अगस्त तक किया जायेगा। बैठक में प्रमुख्सचिव श्री निकुंज श्रीवास्तव सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

एसईसीएल के प्रस्ताव को स्वीकृत और अडानी फाउंडेशन अहमदाबाद के प्रस्ताव को रखा आस्थगित

राजस्व मंत्री करण वर्मा की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रालय में हुई राज्य नजूल निर्वतन समिति की बैठक में समिति को प्रस्तुत किये गये प्रस्ताव पर निर्णय लिया गया। समिति ने साउथ ईस्टर्न कोल फील्डस लिमिटेड (एसईसीएल) सोहागपुर के प्रस्ताव को स्वीकृत किया गया। एसईसीएल ने सोहागपुर क्षेत्र के रामपुर-बटुरा परियोजना से प्रभावित रहवासियों के पुनर्वास के लिये ग्राम अमलई में 10 हेक्टेयर शासकीय भूमि आवंटित किये जाने का प्रस्ताव दिया था। इसमें भूमि को बाजार मूल्य नियम के अधीन 6 लाख 70 हजार रूपये प्रति हेक्टेयर की दर से 10 हेक्टेयर जमीन और 1.5 रूपये प्रति वर्गमीटर की दर से एक लाख वर्ग मीटर के वार्षिक भू-भाटक भूमि आवंटन के प्रस्ताव को स्वीकृत किया गया। समिति ने अडानी फाउंडेशन अहदाबाद के उद्यमिता द्वारा ग्राम बूढाडोंगर तहसील बदरवास जिला शिवपुरी में भूमि आवंटन के लिये दिये गये प्रस्ताव को आस्थगित रखा गया है। प्रस्ताव का पुन: परीक्षण किया जायेगा।

प्रमुख सचिव राजस्व निकुंज श्रीवास्तव, अतिरिक्त सचिव राजस्व श्रीमती नेहा मारब्या, उप सचिव श्रीमती शुचिस्मिता सक्सेना और अन्य अधिकारी बैठक में उपस्थित थे।

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