झारखंड के देवघर में विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला अब पूरी रफ्तार पकड़ चुका है। सावन के तीसरे दिन तक बाबा बैद्यनाथ धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। मेले के पहले दिन 74,987 और दूसरे दिन 1,05,179 कांवरियों ने बाबा बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग पर जलाभिषेक किया। इस तरह दो दिनों में ही लगभग 2 लाख श्रद्धालु जलार्पण कर चुके हैं। जलाभिषेक का सिलसिला लगातार जारी है। दूसरे दिन मुख्य अरघा से 81,985, बाह्य अरघा से 19,472 और शीघ्रदर्शन व्यवस्था के तहत 3,722 श्रद्धालुओं ने बाबा पर जल चढ़ाकर पूजा-अर्चना की। पूरे कांवरिया पथ और मंदिर परिसर में ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से माहौल भक्तिमय बना हुआ है।
इन दिनों कांवरिया पथ केसरिया रंग में सराबोर नजर आ रहा है. हर ओर बोल बम व हर-हर महादेव के जयघोष गूंज रहे हैं. कांवरिए बाबा बैद्यनाथ ज्योतिर्लिंग पर जलार्पण कर सुख-समृद्धि की कामना कर रहे हैं. गंगाजल लेकर पहुंचे शिवभक्तों की कतारें सुबह से ही कई किलोमीटर तक फैली रहीं. कांवर में बंधे घुंघरुओं की मधुर ध्वनि और श्रद्धालुओं के उत्साह ने पूरे देवघर को शिवमय बना दिया.
पुलिस बल के साथ-साथ स्वयंसेवकों की तैनाती
मेले के सफल संचालन को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है. देवघर एसपी प्रवीण पुष्कर सुबह से ही खुद कांवरियों की कतारों में घूम-घूमकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेते रहे. पुलिस बल के साथ-साथ स्वयंसेवकों की तैनाती से व्यवस्था सुचारु बनी रही.
मंदिर परिसर से लेकर कांवरिया पथ तक हर जगह सुरक्षा और सुविधा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. कूपन व्यवस्था के तहत श्रद्धालुओं को व्यवस्थित तरीके से मंझला खंड तक पहुंचाया जा रहा है, जिससे भीड़ नियंत्रण में रही और जलार्पण शांतिपूर्ण ढंग से होता रहा.
गुलाब जल की फुहार से मिल रही राहत
उमस भरी गर्मी के बीच नगर निगम द्वारा कांवरियों के स्वागत के लिए विशेष व्यवस्था की गई है. स्प्रिंकलर मशीनों के माध्यम से सुगंधित गुलाब जल का छिड़काव किया जा रहा है, जिससे श्रद्धालुओं को ताजगी का एहसास हो रहा है.











