ग्वालियर। मध्यप्रदेश की राजनीति से जुड़ी एक बड़ी खबर सामने आई है। Madhya Pradesh High Court की Gwalior बेंच ने विजयपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक Mukesh Malhotra का चुनाव शून्य घोषित कर दिया है।
यह फैसला जस्टिस G. S. Ahluwalia की अदालत ने पूर्व मंत्री और भाजपा नेता Ramnivas Rawat द्वारा दायर याचिका पर सुनाया। याचिका में आरोप लगाया गया था कि मुकेश मल्होत्रा ने चुनावी हलफनामे में अपने आपराधिक रिकॉर्ड की पूरी जानकारी नहीं दी थी।
मामले की सुनवाई के बाद अदालत ने न सिर्फ मुकेश मल्होत्रा का चुनाव निरस्त कर दिया, बल्कि उपचुनाव में दूसरे स्थान पर रहे रामनिवास रावत को विजयपुर विधानसभा सीट से विधायक घोषित कर दिया।
सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देंगे मल्होत्रा
फैसले के बाद मुकेश मल्होत्रा ने कहा कि वे अदालत के आदेश का सम्मान करते हैं, लेकिन इस फैसले को चुनौती देने के लिए Supreme Court of India का दरवाजा खटखटाएंगे। उन्होंने कहा कि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और वे न्याय की उम्मीद के साथ आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाएंगे।
वहीं अधिवक्ता एमपीएस रघुवंशी ने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश के बाद अब रामनिवास रावत को विजयपुर विधानसभा का वैध विधायक माना जाएगा। दूसरी ओर मल्होत्रा के वकील ने भी साफ कर दिया है कि हाईकोर्ट की सिंगल बेंच के इस फैसले को उच्च अदालत में चुनौती दी जाएगी।
2024 के उपचुनाव से जुड़ा है मामला
दरअसल, यह पूरा मामला वर्ष 2024 में हुए विजयपुर विधानसभा उपचुनाव से जुड़ा है। वर्ष 2023 के विधानसभा चुनाव में रामनिवास रावत कांग्रेस के टिकट पर विधायक चुने गए थे, लेकिन 2024 में उन्होंने कांग्रेस छोड़कर भाजपा का दामन थाम लिया।
इसके बाद विजयपुर सीट पर उपचुनाव हुए, जिसमें भाजपा की ओर से रामनिवास रावत और कांग्रेस की तरफ से मुकेश मल्होत्रा उम्मीदवार थे। इस चुनाव में मुकेश मल्होत्रा ने जीत हासिल की थी, जबकि रामनिवास रावत को हार का सामना करना पड़ा था।
हालांकि अब हाईकोर्ट के फैसले के बाद राजनीतिक समीकरण बदल गए हैं और रामनिवास रावत को विजयपुर विधानसभा सीट का विधायक घोषित कर दिया गया है।











