Friday, September 11, 2026
Homeआस्थाजबलपुर आए प्रसिद्ध कथा वाचक मोरारी बापू बोले.....

जबलपुर आए प्रसिद्ध कथा वाचक मोरारी बापू बोले…..

जबलपुर। एमपी के जबलपुर में प्रसिद्ध कथावाचक मोरारी बापू ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि गीता और रामायण को लेकर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि दोनों ही ग्रंथ साम्प्रदायिक नहीं बल्कि वैश्विक हैं। यही हमें जीवन जीने की शिक्षा देते हैं। उन्होंने कहा कि गीता और रामायण को पाठ्यक्रम में शामिल किया जाना चाहिए।

उन्होने धर्मांतरण को लेकर भी कहा कि देश में बढ़ रहे धर्मांतरण चिंता का विषय है। देश में लालच देकर धर्मांतरण के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। यही कारण है कि गुजरात के आदिवासी क्षेत्रों में हर माह एक बार रामकथा जरूर कहते हैंए ताकि हिंदू स्वधर्म की महिमा जाने। मोरारी बापू ने मिशनरीज की ओर से इशारा करते हुए कहा कि कुछ लोग सेवा को अपना मकसद बताते हैं लेकिन उसके बाद धर्मांतरण क्यों हो जाता है।

मुरारी बापू ने कहा कि श्रीकृष्ण ने भी कहा है कि स्वधर्म सबसे ऊपर है। मोरारी बापू ने गीता और रामायण को सिलेबस में शामिल करने की वकालत की। मोरारी बापू ने कहा कि गीता और रामायण सांप्रदायिक नहीं वैश्विक ग्रंथ हैं जो धार्मिक नहीं जीवन जीने की शिक्षा देते हैं। भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने की मांगों पर मोरारी बापू ने कहा कि देश के चारों शंकराचार्य जो भी फैसला लें वो उनके पीछे चलने तैयार हैं। हिंदुत्व का दायरा बहुत व्यापक है जो सबको समाहित कर लेता है।

मोरारी बापू ने देश में सांप्रदायिक तनाव और बढ़ते सामाजिक विवादों पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि ये देश विवाद नहीं संवाद का है और संवाद से ही समन्वय आएगा। उन्होंने कहा कि बीते कुछ समय से देश में द्वेष और ईर्ष्या के मामले बढ़े हैं जो देश के लिए ठीक नहीं है और वो भारत में बस एकता चाहते हैं। जिस तरह से 500 साल बाद अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण हुआ है, उसी तरह से अगर राम की इच्छा हुई तो काशी और मथुरा में भी भव्य मंदिर बनेंगे। इसके लिए देश और समाज में पर एकता होना जरूरी है।

सनातन धर्म और वेदों को लेकर उन्होंने कहा कि हम सबको एक साथ चलना चाहिएए क्योंकि हम सब एक रहें और नेक रहें। विश्व में बढ़ती भारत की इज्जत को लेकर मोरारी बापू ने कहा कि मैं खुश हूं कि दुनिया भर में देश तेजी से ऊंचाई पर बढ़ रहा है।

Related Articles

Latest News