मध्य प्रदेश के वन मंत्री डॉ कुँवर विजय शाह ने भोपाल के राष्ट्रीय वन विहार उद्यान में आयोजित एक समारोह में कहा है कि वन विभाग के सभी नेशनल पार्क में प्लास्टिक बोतल और थैलियों पर एक जनवरी 2023 से प्रतिबंध लगाया जायेगा। वन मंत्री डॉ शाह ने कहा कि प्रदेश में अफ्रीका से चीता आने के बाद अब जेब्रा और जिराफ को भी 26 जनवरी 2023 के पहले वन विहार राष्ट्रीय उद्यान भोपाल में लाने के प्रयास किये जा रहे हैं।
डॉ शाह ने कहा कि सभी नेशनल पार्क में वाटर एटीएम लगाये जायेंगे, जिनसे पर्यटकों को कम कीमत पर पानी मिलेगा। साथ ही पार्क में खाद्य सामग्री आदि की थैलियाँ ले जाने पर प्रतिबंध लगाया जायेगा, जिससे पर्यावरण-संरक्षण को बल मिलेगा।
वन मंत्री डॉ शाह ने कहा कि देश में विलुप्त हो रहे चीतों के पुनर्स्थापन को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के सार्थक प्रयासों से 72 साल बाद चीता के रूप में प्रदेश को नायाब तोहफा मिल सका है। उन्होंने कहा कि वन विभाग अफ्रीका से आये चीतों के संरक्षण और सुरक्षा के प्रति सतत रूप से निगरानी रख रहा है। उन्होंने कहा कि भोपाल के आसपास टाइगर मूवमेंट को देखते हुए इस क्षेत्र को अभयारण्य बनाने पर विचार किया जा सकता है। इसके लिये जन-प्रतिनिधियों, वन्य-प्रेमी और बुद्धिजीवी वर्ग को आगे आना चाहिये।
वन मंत्री डॉ शाह ने घोषणा की कि राज्य स्तरीय वन्य-प्राणी सप्ताह में हुई विभिन्न प्रतियोगिताओं के 75 विजेता और उप विजेता प्रतिभागियों को नेशनल पार्क बाँधवगढ़, पेंच टाइगर रिजर्व, पन्ना टाइगर रिजर्व और कान्हा टाइगर रिजर्व में वन्य-प्राणियों का अवलोकन कराने विभाग द्वारा नि:शुल्क व्यवस्था की जायेगी।
वन मंत्री ने फोटोग्राफी-प्रदर्शनी, चित्रकला, रंगोली, विद्यालयीन एवं महाविद्यालयीन वाद-विवाद, मेहंदी, पॉम पेंटिंग, फैंसी ड्रेस, फेस पेंटिंग और शिक्षक वाद-विवाद प्रतियोगिता के प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पर आये विजेताओं को पुरस्कृत किया। वन-रक्षकों द्वारा किये गये वन प्रबंधन के उत्कृष्ट कार्य पर केन्द्रित श्रेष्ठ दो लघु फिल्में प्रदर्शित की गई। वन मंत्री ने फिल्मकार और वन-रक्षक श्री आकाश साहू और संजय नामदेव को पुरस्कृत किया।















