जबलपुर। एमपी के जबलपुर में क्रिसमस के त्योहार से ठीक पहले धार्मिक माहौल में सरगर्मी आ गई है। हिंदू सेवा परिषद ने ईसाई मिशनरीज पर गंभीर आरोप लगाते हुए प्रशासन और ईसाई समुदाय से जुड़े संगठनों के लिए एक कड़ी चेतावनी जारी की है। परिषद का स्पष्ट कहना है कि प्रार्थना सभाओं की आड़ में मजबूर और गरीब लोगों को बरगलाने तथा उनका धर्म परिवर्तन कराने का खेल तुरंत बंद होना चाहिए।
हिंदू सेवा परिषद के प्रदेश अध्यक्ष अतुल जसवानी ने वीडियो में दावा किया है कि 20 से 31 दिसंबर के बीच ईसाई मिशनरीज एक विशेष धर्मांतरण टारगेट को लेकर काम कर रही हैं। परिषद के अनुसार, इस दौरान होने वाली विशेष प्रार्थना सभाओं का मुख्य उद्देश्य धार्मिक प्रचार की आड़ में लोगों का धर्मांतरण करना है। गौरतलब है कि पिछले दो दिनों के भीतर शहर के कुछ गिरजाघरों में चल रही प्रार्थना सभाओं के दौरान हंगामे की खबरें भी सामने आई हैं, जिससे तनाव और बढ़ गया है।
परिषद की प्रशासन को सीधी चेतावनी
प्रशासन से इस मामले में हस्तक्षेप की मांग करते हुए हिंदू सेवा परिषद ने कड़ा रुख अपनाया है। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासन इन धर्मांतरण संबंधी गतिविधियों’को रोकने में विफल रहता है, तो परिषद के कार्यकर्ता स्वयं गिरजाघरों में घुसकर इस प्रक्रिया को रोकेंगे। परिषद के अध्यक्ष का कहना है कि वे किसी भी कीमत पर शहर में धर्मांतरण का खेल बर्दाश्त नहीं करेंगे। इस चेतावनी के बाद पुलिस और प्रशासन अलर्ट पर है ताकि क्रिसमस के दौरान शहर में शांति और कानून-व्यवस्था बनी रहे।











