Friday, April 24, 2026
Homeमध्य प्रदेशMPEBTKS की मांग मिले नियमित पदस्थापना, संविदा पद पर अनुकंपा नियुक्ति देना...

MPEBTKS की मांग मिले नियमित पदस्थापना, संविदा पद पर अनुकंपा नियुक्ति देना अवैधानिक

मध्य प्रदेश विद्युत मंडल तकनीकी कर्मचारी संघ के प्रांतीय महासचिव हरेंद्र श्रीवास्तव ने जारी विज्ञप्ति में बताया कि वर्ष 2022 में मध्य प्रदेश हाइकोर्ट के चीफ जस्टिस रवि मलिमठ एवं जस्टिस विशाल मिश्रा की बेंच ने एक अहम फैसले में कहा था कि संविदा के आधार पर अनुकंपा नियुक्ति देना अवैधानिक है। इसके बावजूद मध्य प्रदेश की बिजली कंपनियों के प्रबंधन द्वारा अनुकंपा आश्रितों को संविदा पद पर नियुक्ति दी जा रही है।

हरेंद्र श्रीवास्तव का कहना है कि इसके साथ ही मध्य प्रदेश शासन की अनुकंपा नीति के उलट बिजली कंपनियों के अनुकंपा आश्रितों को शैक्षणिक अर्हता पूरी करने 3 वर्ष का समय नहीं दिया जा रहा, बल्कि ऊर्जा विभाग के अधिकारियों ने ऐसा अनुकंपा नीति तैयार की है कि किसी भी मृत बिजली कर्मी के आश्रित को अनुकंपा नियुक्ति देनी ही न पड़े, जिसके कारण वर्ष 2000 से लेकर आज तक हजारों अनुकंपा आश्रित अनुकंपा नियुक्ति के लिए भटक रहे हैं।

हरेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि आज की स्थिति में पूर्व क्षेत्र विद्युत् वितरण कंपनी में लगभग 250 अनुकंपा आश्रितों को कार्यालय सहायक के पदों पर संविदा में नियुक्ति दी गई है, जबकि कार्यालय सहायक के नियमित पद पहले से रिक्त पड़े हुए हैं। मध्य प्रदेश ऊर्जा विभाग को बिजली कंपनियों के रिक्त पदों पर पहले संविदा कर्मचारियों को नियमित करना चाहिए, फिर उसके नई भर्ती करना चाहिए।

संघ के मोहन दुबे, राजकुमार सैनी, अजय कश्यप, लखन सिंह राजपूत, विनोद दास, राजू नायडू, कमल सैनी, विपतलाल विश्वकर्मा, दशरथ पांडे, अशोक पटेल आदि ने ऊर्जा मंत्री एवं अपर मुख्य सचिव ऊर्जा से मांग की है कि सबसे पहले संविदा कर्मचारियों को नियमित करें और संविदा के स्थान पर नियमित पदों पर अनुकंपा नियुक्ति दी जाये।

Related Articles

Latest News