Team India : भारत और इंग्लैंड के बीच लॉर्ड्स में खेले जा रहे तीन मैचों की वनडे सीरीज के निर्णायक मुकाबले से पहले टीम इंडिया को बड़ा झटका लगा। स्टार तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह घुटने की चोट के कारण अंतिम मैच की प्लेइंग इलेवन का हिस्सा नहीं बन सके।
उनकी गैरमौजूदगी को लेकर चल रही अटकलों के बीच भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने स्पष्ट किया कि बुमराह चोट के कारण चयन के लिए उपलब्ध नहीं थे, जिससे निर्णायक मुकाबले में भारत के गेंदबाजी आक्रमण को बड़ा नुकसान पहुंचा।
भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टॉस के दौरान बताया कि टीम में तीन बदलाव किए गए हैं. अर्शदीप सिंह, प्रिंस यादव और केएल राहुल को अंतिम एकादश में शामिल किया गया, जबकि जसप्रीत बुमराह, वॉशिंगटन सुंदर और शिवम दुबे टीम से बाहर रहे. भारत और इंग्लैंड के बीच तीन मैचों की श्रृंखला 1-1 की बराबरी पर थी, ऐसे में लॉर्ड्स का मुकाबला श्रृंखला का फैसला करने वाला मैच बना.
बीसीसीआई के अनुसार दूसरे वनडे में कार्डिफ के सोफिया गार्डन्स मैदान पर क्षेत्ररक्षण के दौरान बुमराह के बाएं घुटने पर चोट लगी थी. इस चोट के बाद उनके घुटने में सूजन आ गई, जिसके चलते मेडिकल टीम ने उन्हें अंतिम मुकाबले के लिए उपलब्ध नहीं माना. बोर्ड ने अपने बयान में कहा कि घुटने में आई प्रतिक्रियात्मक सूजन के कारण उन्हें चयन से बाहर रखा गया है.
जसप्रीत बुमराह ने इस श्रृंखला के साथ लगभग तीन वर्ष बाद वनडे क्रिकेट में वापसी की थी. पहले मुकाबले में उन्होंने अपने वनडे करियर का 150वां विकेट हासिल किया था और लंबे अंतराल के बाद इस प्रारूप में प्रभावशाली वापसी दर्ज की थी. इंग्लैंड के खिलाफ शुरुआती दो मैचों में उन्होंने दो विकेट लिए और किफायती गेंदबाजी भी की. ऐसे में निर्णायक मुकाबले में उनकी गैरमौजूदगी भारतीय गेंदबाजी आक्रमण के लिए बड़ा नुकसान मानी जा रही है.
बुमराह के बाहर होने के बाद भारतीय तेज गेंदबाजी की जिम्मेदारी प्रसिद्ध कृष्णा, अर्शदीप सिंह, प्रिंस यादव और गुरनूर बरार के कंधों पर आ गई. टीम प्रबंधन ने अनुभव और युवा खिलाड़ियों के संयोजन के साथ इंग्लैंड की बल्लेबाजी को चुनौती देने की रणनीति अपनाई है.
उधर, बुमराह के टीम से बाहर होने की खबर सामने आते ही सोशल मीडिया पर क्रिकेट प्रशंसकों के बीच चर्चा तेज हो गई. कई लोगों ने उनकी फिटनेस को लेकर चिंता जताई और जल्द स्वस्थ होने की कामना की. वहीं कुछ प्रशंसकों ने लगातार चोटों के कारण भविष्य में बड़े टूर्नामेंटों में उनकी उपलब्धता को लेकर भी सवाल उठाए. हालांकि बीसीसीआई ने साफ किया है कि इस बार उन्हें किसी रणनीतिक कारण से नहीं, बल्कि घुटने की चोट और सूजन के चलते आराम दिया गया है.










