कुम्हड़े की बलि पसंद जिसे
कुष्मांडा कहलाती है।
नवरात्रि के चौथे दिन देवी
सिंह पे सवार आती है।।
लाल महावर, लाल चुनरिया
लाल चूड़ा साजे है।
सम्पूर्ण जगत चरणों में सदा
माता के विराजे है।।
अष्टभुजा भी कहते इनको
ये आठ हस्त वाली है।
भक्तों के भय का नाश करती
ये महान बलशाली है।।
ये महा पराक्रम वाली है।
ये महान उत्साह वाली है।।
सोनल ओमर
कानपुर, उत्तर प्रदेश















